भोपाल के गौतम नगर में दशहरे पर अनोखा रावण दहन हुआ। रावण के सिरों पर सोनम रघुवंशी, मेरठ कांड की मुस्कान और अन्य आरोपित महिलाओं की तस्वीरें लगाई गईं। हाईकोर्ट की रोक के बाद भी यह आयोजन होने से विवाद खड़ा हो गया।
भोपाल में विवादित रावण दहन, आरोपित महिलाओं के लगाए सिर
भोपाल। दशहरा पूरे देश में धूमधाम से मनाया गया। हर जगह रावण के पुतले जलाए गए। लेकिन भोपाल का रावण दहन इस बार अलग तरह से चर्चा में आया।
गौतम नगर में हुए आयोजन में रावण के दस सिरों की जगह तीन चर्चित मामलों की आरोपित महिलाओं की तस्वीरें लगाई गईं। इनमें इंदौर के राजा रघुवंशी हत्या कांड की आरोपी सोनम रघुवंशी, मेरठ के नीले ड्रम कांड की आरोपी मुस्कान और इंजीनियर अतुल सुभाष की पत्नी निकिता सिंघानिया शामिल थीं।
कार्यक्रम में मौजूद एक शख्स ने राजा रघुवंशी की तस्वीर को भी रावण के पुतले पर लगाकर आग लगाई। आयोजकों ने आरोपित महिलाओं को “आधुनिक राक्षस” बताया।
हाईकोर्ट के आदेश की अवहेलना
यह मामला इसलिए भी चर्चा में है क्योंकि इंदौर की संस्था “पौरुष” ने पहले ही सोनम और अन्य आरोपित महिलाओं का पुतला जलाने की घोषणा की थी। लेकिन सोनम की मां संगीता रघुवंशी ने हाईकोर्ट में याचिका लगाई थी।
हाईकोर्ट ने इसे महिलाओं के मौलिक अधिकारों के खिलाफ मानते हुए पुतला दहन पर रोक लगा दी थी। इसके बावजूद भोपाल में यह आयोजन हुआ। अब इसे अदालत के आदेश की अवहेलना माना जा रहा है।
किन मामलों की तस्वीरें लगाई गईं
- सोनम रघुवंशी : पति राजा रघुवंशी की हनीमून के दौरान शिलॉन्ग में हत्या का आरोप।
- मुस्कान (मेरठ नीले ड्रम कांड) : प्रेमी साहिल के साथ मिलकर पति सौरभ की हत्या और शव को ड्रम में सीमेंट से भरने का आरोप।
- निकिता सिंघानिया : पति इंजीनियर अतुल सुभाष ने ससुराल पक्ष पर उत्पीड़न का आरोप लगाकर आत्महत्या की थी।
इस कार्यक्रम के बाद भोपाल में राजनीतिक और कानूनी बहस तेज हो गई है। लोग सवाल उठा रहे हैं कि हाईकोर्ट की रोक के बाद भी आखिर ऐसा विवादित आयोजन कैसे संभव हुआ।







