Sidhi News : संजय टाइगर रिजर्व, सीधी से खुशखबरी। बाघों की संख्या बढ़कर 40 से ज्यादा हुई। वन विभाग और पर्यटन विभाग इको-टूरिज्म को बढ़ावा दे रहे हैं। यह रिजर्व अब मध्य प्रदेश का गर्व बन रहा है।
Sidhi News : सीधी जिले के संजय टाइगर रिजर्व से बड़ी खुशखबरी आई है। यहां बाघों की संख्या बढ़कर 40 से अधिक हो गई है। यह खबर वन विभाग और वन्यजीव प्रेमियों के लिए गर्व का विषय है।
रिजर्व में बाघों की मौजूदगी लगातार बढ़ रही है। जंगल में बाघों की दहाड़ और अठखेलियां अब आम हो गई हैं। हाल ही में कई वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुए। इनमें बाघ खेलते, नहाते और घूमते नजर आ रहे हैं। इन वीडियो में बाघ टी-40 भी दिखाई दिया, जो अक्सर कैमरे में कैद होता रहता है।

संजय टाइगर रिजर्व को बाघों के लिए सबसे उपयुक्त स्थान माना जाता है। यही वजह है कि यहां इनकी संख्या निरंतर बढ़ रही है। यह रिजर्व न सिर्फ जैव विविधता के लिए मशहूर है बल्कि अपने इतिहास और पहचान के लिए भी खास है। सफेद शेर “मोहन” की खोज भी इसी रिजर्व के पनखोरा गांव के जंगल में हुई थी।
वन विभाग और पर्यटन विभाग अब इको-टूरिज्म को बढ़ावा देने पर काम कर रहे हैं। इससे क्षेत्र में रोजगार के नए अवसर बनेंगे और स्थानीय लोगों को लाभ होगा। साथ ही रिजर्व की आर्थिक स्थिति भी मजबूत होगी।
बाघों की संख्या में बढ़ोतरी से मध्य प्रदेश का पर्यटन भी बेहतर होगा। पर्यटक अब इस क्षेत्र की ओर और आकर्षित होंगे। यह जगह वन्यजीव प्रेमियों और प्रकृति से जुड़ाव रखने वाले लोगों के लिए खजाना साबित हो रही है। संजय टाइगर रिजर्व न केवल मध्य प्रदेश की शान है, बल्कि अब यह पूरे देश में वन्यजीव संरक्षण का आदर्श मॉडल बनकर उभर रहा है।







